4 चरणों में होंगे पंचायत चुनाव

जयपुर में चारों चरण में होंगे चुनाव

Oct 6, 2026 - 00:03
 0  2
4 चरणों में होंगे पंचायत चुनाव

जयपुर।  राजस्थान में शनिवार को पंचायत चुनावों की घोषणा के साथ ही प्रदेश में आचार संहिता लग गई। राज्य निर्वाचन आयोग 4 चरणों में चुनाव संपन्न कराएगा। जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव के पहले चरण के तहत 23 अक्टूबर, दूसरे चरण में 29 अक्टूबर, तीसरे चरण में 4 नवंबर, चौथे चरण में 14 नवंबर को वोटिंग होगी। 20 नवंबर को परिणाम आएंगे। 37 जिलों में 25 नवंबर को जिला प्रमुख और 27 नवंबर को प्रधान का चुनाव होगा। 26 नवंबर को उपजिला प्रमुख और 28 नवंबर को उपप्रधान का चुनाव होगा। कोटा, श्रीगंगानगर, बारां और करौली जिलों में प्रमुख और प्रधानों का कार्यकाल दिसंबर 2026 में पूरा होगा। यहां जिला प्रमुख और प्रधान का चुनाव बाद में होगा। हालांकि जिला परिषद के मेंबर और पंचायत समिति मेंबर के चुनाव अन्य जिलों के साथ ही होंगे।
इसी प्रकार सरपंचों के चुनाव भी 4 चरणों में होंगे। पहले चरण में 25 अक्टूबर, दूसरे चरण में 31 अक्टूबर, तीसरे चरण में 6 नवंबर और चौथे चरण में 16 नवंबर को वोटिंग होगी। तीसरे चरण में 3605 ग्राम पंचायतों में धरतेरस पर वोटिंग होगी। वोटिंग के दिन ही देर रात तक नतीजे घोषित होंगे।
पंचायतीराज चुनाव में 51.82% पुरुष और 48.18% महिला वोटर हैं। 41 जिलों में जयपुर में सबसे ज्यादा 18.99 लाख वोटर और जैसलमेर में सबसे कम वोटर 4.36 लाख हैं। महिलाओं को 50 फीसदी आरक्षण है।
वहीं इस बार मतदाताओं को दो दिन में ही दूसरी बार वोट डालना पड़ेगा। जिला परिषद सदस्य और पंचायत समित सदस्य का मतदान एक साथ होगा। वहीं इसके दो दिन बाद पंच-सरपंच का चुनाव होगा।
1.69 लाख नए  जनप्रतिनिधि 
चुने जाएंगे
इन चुनावों में 1.69 लाख नए पंचायतीराज जनप्रतिनधि चुने जाएंगे। 1403 जिला परिषद मेंबर और 8245 पंचायत समिति मेंबर के चुनाव होंगे। 14403 ग्राम पंचायतों में सरपंच-उपसरपंच और 1.30 लाख वार्ड पंचों के चुनाव बैलेट के जरिए होने हैं। पंचायत समिति मेंबर मिलकर 457 पंचायत समितियों में प्रधानों का चुनाव करेंगे।

जयपुर में चारों चरण में होंगे चुनाव
राजस्थान में पंचायत चुनावों की घोषणा हो गई है। जयपुर जिले में 4 चरणों में चुनाव करवाए जाएंगे। यहां जिला परिषद, 22 पंचायत समितियों और उसके अधीन आने वाली 597 ग्राम पंचायत में चुनाव होंगे। जयपुर जिले में होने वाले पंचायत चुनावों में इस बार करीब 18 लाख 99,794 वोटर्स वोट डालेंगे। इसमें 9 लाख 85,447 पुरूष, 9 लाख 14,343 महिलाएं और 4 ट्रांसजेंडर वोटर है। पंचायत चुनाव में मतदाताओं को दो दिन वोट डालने होंगे। पहले वे जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के लिए वोटिंग करेंगे। दूसरी बार में पंच, सरपंच के लिए वोट डालने होंगे। जिले की 5 पंचायत समितियों में धनतेरस के दिन भी वोटिंग होगी।

चुनाव कार्यक्रम एक नजर में
8 अक्टूबर: जिला परिषद सदस्य के चुनाव के लिए लोकसूचना जारी।
23 अक्टूबर: जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों का पहला चरण।
25 अक्टूबर: पंच और सरपंच का पहला चरण।
29 अक्टूबर: जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों का दूसरा चरण।
31 अक्टूबर: पंच और सरपंच का दूसरा चरण।
4 नवंबर: जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों का तीसरा चरण।
6 नवंबर: पंच और सरपंच का तीसरा चरण।
13 नवंबर: जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों का चौथा चरण।
16 नवंबर: पंच और सरपंच का चौथा चरण।
20 नवंबर: जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों की मतगणना, जिला मुख्यालय पर सुबह 8 बजे से।
25 नवंबर: जिला प्रमुख के चुनाव।
26 नवंबर: उप जिला प्रमुख के चुनाव।
27 नवंबर: प्रधान के चुनाव।
28 नवंबर: उपप्रधान के चुनाव।
जिला प्रमुख, उप जिला प्रमुख, प्रधान और उपप्रधान के चुनाव के लिए बैठक सुबह 10 बजे से होगी।
जरूरत पड़ने पर मतदान दोपहर 3 से 5 बजे के बीच कराया जाएगा।
मतदान समाप्त होते ही मतगणना की जाएगी।

ग्रामीण इलाकों में उद्घाटन, शिलान्यास नहीं होंगे
आयोग के चुनाव कार्यक्रमों की घोषणा के साथ ही ग्रामीण इलाकों में आचार संहिता लग गई। तबादलों पर पाबंदी लग गई। मंत्री अब अपने इलाकों में सरकारी गाड़ी से नहीं जा सकेंगे और सरकारी गेस्ट हाउस व डाक बंगलों में नहीं ठहर सकेंगे। सरकार नई योजनाओं और कार्यक्रमों की घोषणा नहीं कर सकेगी। पहले से चल रहे काम जारी रह सकेंगे, जिन टेंडरों का काम पहले से प्रक्रिया में है, उन पर रोक नहीं होगी। आचार संहिता में ऐसी कोई सरकारी घोषणा नहीं हो सकती जिससे वोटर प्रभावित हो।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

SJK News Chief Editor (SJK News)